12 वर्षीय सुमना ने अंगदान से दी नई जिंदगी, दो मरीजों को मिला जीवनदान
रायपुर। महज 12 वर्ष की उम्र में इस दुनिया को अलविदा कहने वाली सुमना कुंडू ने अपने अंगदान के जरिए मानवता की ऐसी मिसाल पेश की है, जिसने दो जरूरतमंद मरीजों को नई जिंदगी दे दी। सुमना के निधन के बाद उनके परिजनों ने अंगदान का साहसिक निर्णय लिया, जिसके तहत उसके अंगों का सफल प्रत्यारोपण किया गया।
जानकारी के अनुसार, सुमना का इलाज रायपुर स्थित अस्पताल में चल रहा था। चिकित्सकों द्वारा ब्रेन डेड घोषित किए जाने के बाद परिवार ने अंगदान के लिए सहमति दी। इसके बाद चिकित्सा टीम ने पूरी प्रक्रिया को सफलतापूर्वक अंजाम दिया और दो मरीजों को जीवनदान मिला।
सुमना की अंतिम विदाई के दौरान अस्पताल परिसर में भावुक माहौल रहा। चिकित्सा कर्मियों और अधिकारियों ने उसे श्रद्धांजलि देते हुए ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ दिया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने परिवार के इस निर्णय की सराहना की और इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया।
विशेषज्ञों का कहना है कि अंगदान से कई लोगों की जान बचाई जा सकती है और सुमना का यह योगदान हमेशा याद रखा जाएगा। उसकी कहानी समाज में अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने का संदेश भी देती है।










